5 से 7 अक्टूबर तक बस्तर संभाग में विशेष अभियान, अब तक करीब 3600 दिव्यांगजनों का पंजीयन
जगदलपुर। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने जगदलपुर में पत्रकारों से चर्चा के दौरान सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत दिव्यांगजनों के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 5, 6 और 7 अक्टूबर को कांकेर, सुकमा, नारायणपुर, कोंडागांव और बस्तर सहित बस्तर संभाग के विभिन्न क्षेत्रों में ग्राम सभाओं के माध्यम से दिव्यांगजनों की पहचान, पंजीयन और उनकी आवश्यकताओं के अनुसार सहायता उपलब्ध कराने का कार्य किया जा रहा है।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह अभियान किसी एक प्रकार की दिव्यांगता तक सीमित नहीं है, बल्कि अलग-अलग समस्याओं से जूझ रहे दिव्यांगजनों को इसमें शामिल कर उनकी जरूरत के अनुसार सहायता पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। उनके अनुसार, अभियान के तहत अब तक करीब 3600 पंजीयन सामने आए हैं।
उन्होंने बताया कि यह पहल केवल सरकारी व्यवस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें समाज की सहभागिता के साथ भगवान महावीर दिव्यांगता सेवा समिति का भी सहयोग लिया जा रहा है।
कृत्रिम पैर लगाकर बैसाखी छोड़कर चला दिव्यांग, भावुक हुआ माहौल
उपमुख्यमंत्री ने अभियान के दौरान सामने आए एक प्रेरणादायक प्रसंग का उल्लेख करते हुए बताया कि एक दिव्यांग व्यक्ति, जिसने अपना पैर खो दिया था, उसे कृत्रिम पैर लगाया गया। इसके बाद उसने बैसाखी छोड़कर लोगों के सामने चलकर दिखाया।
उन्होंने इसे समाज के लिए संवेदना और मानवीय सहयोग से जुड़ा महत्वपूर्ण क्षण बताया।
दंतेवाड़ा में भी होगा विशेष आयोजन
विजय शर्मा ने बताया कि 5 से 7 अक्टूबर तक बस्तर क्षेत्र और जगदलपुर में अभियान संचालित किया जा रहा है। इसके बाद 15 और 17 अक्टूबर को दंतेवाड़ा में बीजापुर, सुकमा और दंतेवाड़ा के ग्रामीण क्षेत्रों से दिव्यांगजनों को जोड़कर इसी प्रकार सेवा गतिविधियां संचालित की जाएंगी।
उन्होंने कहा कि सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से समाज के प्रत्येक वर्ग तक सेवा पहुंचाने का संकल्प लिया गया है। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने सार्वजनिक जीवन और कार्यकाल को सेवा के लिए समर्पित किया है और इसी भावना के साथ उनके जन्मदिवस के अवसर से एक माह तक विभिन्न सेवा कार्यों का आयोजन किया जा रहा है।






