स्वदेशी मेला जगदलपुर की तैयारियां शुरू, 18 से 25 अक्टूबर तक लालबाग मैदान में होगा भव्य आयोजन, स्वदेशी हमारी आर्थिक शक्ति और आत्मनिर्भर भारत का आधार” — महापौर संजय पाण्डेय

स्थानीय उद्यमियों, कारीगरों और लघु उद्योगों को मिलेगा मंच; आयोजन समिति की घोषणा, तैयारियों को लेकर हुई महत्वपूर्ण बैठक

जगदलपुर। बस्तर में स्वदेशी उत्पादों, स्थानीय उद्यमियों, कारीगरों एवं लघु उद्योगों को प्रोत्साहन देने और नागरिकों में स्वदेशी के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित होने वाले स्वदेशी मेला जगदलपुर की तैयारियां शुरू हो गई हैं। गत वर्ष लालबाग मैदान में आयोजित भव्य स्वदेशी मेले को मिली व्यापक सफलता के बाद इस वर्ष भी 18 अक्टूबर से 25 अक्टूबर तक लालबाग मैदान में मेले का आयोजन किया जाएगा।

गत वर्ष मेले में बड़ी संख्या में स्वदेशी स्टॉल लगाए गए थे, जहां नागरिकों ने उत्साहपूर्वक स्वदेशी उत्पादों की खरीदी-बिक्री में सहभागिता की थी। गत वर्ष आयोजित मेले में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का भी आगमन हुआ था।

इसी क्रम में आगामी मेले की तैयारियों एवं आयोजन को लेकर बस्तर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज भवन में बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वदेशी जागरण मंच के कार्यकर्ताओं, व्यापारियों, नागरिकों एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने सहभागिता करते हुए आयोजन को लेकर अपने सुझाव साझा किए।

बैठक में सुब्रत चाकी, प्रांत संपर्क प्रमुख एवं प्रांत मेला प्रमुख, स्वदेशी जागरण मंच ने कार्यक्रम की प्रस्तावना रखते हुए मेले की रूपरेखा और आगामी तैयारियों की जानकारी दी।

वहीं श्याम सोमानी, अध्यक्ष, बस्तर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने सुझाव दिया कि राज्य सरकार से चर्चा कर मेले में बिक्री योग्य स्वदेशी वस्तुओं एवं सामग्रियों को जीएसटी से छूट अथवा अन्य संभावित सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किया जाना चाहिए।“स्वदेशी हमारी आर्थिक शक्ति और आत्मनिर्भर भारत का आधार” — महापौर संजय पाण्डेय

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बैठक में जगदलपुर महापौर एवं स्वागत समिति सचिव संजय पाण्डेय ने कहा कि स्वदेशी की भावना प्रत्येक भारतवासी के मन में होनी चाहिए। स्वदेशी केवल वस्तुओं की खरीद-बिक्री का विषय नहीं, बल्कि यह आत्मनिर्भरता, राष्ट्रनिर्माण और आर्थिक सशक्तिकरण का संकल्प है।

उन्होंने कहा कि जब हम स्थानीय कारीगरों, छोटे व्यापारियों, महिला उद्यमियों और देश में निर्मित उत्पादों को प्राथमिकता देते हैं, तो इसका सीधा लाभ स्थानीय अर्थतंत्र और रोजगार को मिलता है।

उन्होंने कहा कि बस्तर जैसे समृद्ध कला, संस्कृति और प्राकृतिक संसाधनों से संपन्न क्षेत्र में स्वदेशी उत्पादों की अपार संभावनाएं हैं। बस्तर की कला, हस्तशिल्प, वनोपज आधारित उत्पादों और स्थानीय उद्यमियों को देशभर के बाजार से जोड़ने की दिशा में स्वदेशी मेला महत्वपूर्ण मंच बन सकता है।

महापौर ने कहा कि नगर निगम जगदलपुर की ओर से मेले को सफल बनाने के लिए जो भी आवश्यक सहयोग संभव होगा, उसे पूरी प्रतिबद्धता के साथ उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। प्रयास रहेगा कि यह मेला केवल व्यापार का केंद्र न बने, बल्कि बस्तर की प्रतिभा, परंपरा और उद्यमशीलता को नई पहचान देने वाला आयोजन बने।

गत वर्ष के आयोजन को राष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान

स्वदेशी जागरण मंच बस्तर संभाग संयोजक डॉ. राम राकेश जांगिड़ ने कहा कि जगदलपुर-बस्तर में गत वर्ष स्वदेशी जागरण मंच द्वारा किए गए कार्यों को राष्ट्रीय स्तर पर एक मिसाल के रूप में देखा गया है। इसके लिए बस्तर के नागरिक एवं स्वदेशी के सभी कार्यकर्ता बधाई के पात्र हैं।

बैठक में रायपुर से जी.आर. जगत, स्वदेशी पत्रिका प्रांत प्रमुख, जयेश पांचाल, मेला प्रबंधन प्रतिनिधि एवं विवेक पाण्डेय, जिला प्रशिक्षक भी उपस्थित रहे।

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बैठक के अंत में डॉ. राम राकेश जांगिड़ द्वारा मेला आयोजन समिति की घोषणा की गई।

मेला आयोजन समिति

मेला संयोजक: किशोर पारीखस्वागत समिति अध्यक्ष: श्याम सोमानीस्वागत समिति सचिव: संजय पाण्डेयमेला महिला कार्यप्रमुख: श्रीमती कल्पना शर्मामेला सह-संयोजक: लक्ष्मण झा

कार्यक्रम का मंच संचालन विधु शेखर झा ने किया।

आयोजकों ने बताया कि आगामी दिनों में मेले को भव्य एवं व्यवस्थित स्वरूप देने के लिए विभिन्न स्तरों पर तैयारियां तेज की जाएंगी। साथ ही अधिक से अधिक स्वदेशी उत्पादों, स्थानीय उद्यमियों, कारीगरों एवं लघु उद्योगों को मेले में सहभागी बनाने के प्रयास किए जाएंगे।

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