गौ सेवा, सुरक्षा और संरक्षण का लिया संकल्प; 300 से अधिक गौवंश की हो रही देखभाल
जगदलपुर। रक्षाबंधन के पावन अवसर पर गौ सेवकों ने हैप्पी कामधेनु गौशाला पहुंचकर गौ माता के साथ रक्षाबंधन का पर्व श्रद्धा और भावनात्मक आत्मीयता के साथ मनाया। इस दौरान गौ सेवकों ने गौवंश को रक्षा सूत्र बांधकर उनकी सेवा, सुरक्षा एवं संरक्षण का संकल्प लिया।

हैप्पी कामधेनु गौशाला में वर्तमान में 300 से अधिक गौवंश हैं। इनमें कई गौवंश सड़क दुर्घटनाओं में घायल अवस्था में गौशाला लाए गए हैं, जबकि अनेक गौवंश गौदान के माध्यम से यहां पहुंचे हैं। गौशाला में इन सभी गौवंश की नियमित देखभाल, उपचार एवं सेवा की जा रही है।

रक्षाबंधन के अवसर पर गौ सेवकों ने कहा कि भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा में गौ माता का विशेष एवं पूजनीय स्थान है। गौ माता को रक्षा सूत्र बांधना केवल एक धार्मिक परंपरा नहीं, बल्कि गौ सेवा, संरक्षण और संवर्धन के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का संकल्प भी है।

उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन हमें केवल आपसी रिश्तों की रक्षा का संदेश नहीं देता, बल्कि प्रकृति, जीव-जंतुओं और मूक प्राणियों के प्रति संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी का भाव भी जागृत करता है। गौवंश की सेवा और संरक्षण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर गौ सेवकों ने गौवंश को रक्षा सूत्र बांधकर उनकी सेवा का संकल्प दोहराया और सभी के सुख, समृद्धि एवं मंगलमय जीवन की कामना की।
कार्यक्रम में नरेश कोरी, रोहन कुमार, जशवंत जोशी, आदि ठाकुर, गीतेश पाणीग्रही, जितेंद्र जोशी, हितेश पाणीग्रही, संजय मौर्य, कमल निषाद, रवि नेताम सहित अन्य गौ सेवक उपस्थित रहे।






