सांसद महेश कश्यप ने परिवार के साथ किए भूपालेश्वर महादेव के दर्शन

हजारों शिवभक्तों ने किया जलाभिषेक, विशेष मोटरबोट सेवा से श्रद्धालुओं को मिली सुविधा

“भूपालेश्वर महादेव मंदिर बस्तर की धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा” — महेश कश्यप

जगदलपुर, 17 अगस्त 2026। सावन माह के तृतीय सोमवार के पावन अवसर पर ऐतिहासिक दलपत सागर स्थित प्राचीन भूपालेश्वर महादेव मंदिर में हजारों श्रद्धालुओं ने भगवान भोलेनाथ के दर्शन कर जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना की। इस अवसर पर बस्तर लोकसभा सांसद महेश कश्यप ने अपने परिवार के साथ मंदिर पहुंचकर विधिवत पूजा-अर्चना की तथा क्षेत्र की सुख-समृद्धि एवं शांति की कामना की।

श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सांसद महेश कश्यप की पहल पर सुबह से दोपहर तक विशेष मोटरबोट सेवा संचालित की गई। इसके माध्यम से बड़ी संख्या में शिवभक्त दलपत सागर के मध्य स्थित प्राचीन मंदिर तक पहुंचे और भगवान भूपालेश्वर महादेव के दर्शन एवं जलाभिषेक किए।

सावन माह के प्रारंभ में श्रद्धालुओं एवं गौ सेवकों की मांग पर सांसद ने सावन के प्रत्येक सोमवार को मंदिर तक श्रद्धालुओं के लिए विशेष मोटरबोट सेवा उपलब्ध कराने की पहल की थी। इसके बाद प्रत्येक सोमवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस सुविधा का लाभ उठा रहे हैं।

सांसद महेश कश्यप ने कहा कि भूपालेश्वर महादेव मंदिर बस्तर की धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। दलपत सागर भी बस्तर की ऐतिहासिक धरोहरों में प्रमुख स्थान रखता है।

उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक मान्यताओं के अनुसार दलपत सागर का निर्माण काकतीय शासक दलपत देव द्वारा कराया गया था। वहीं, दलपत सागर के मध्य स्थित प्राचीन शिव मंदिर का निर्माण काकतीय शासक भूपालदेव द्वारा कराया गया तथा यहां भगवान शिव के शिवलिंग की स्थापना की गई। इसी कारण यह मंदिर भूपालेश्वर महादेव मंदिर के नाम से प्रसिद्ध है।

इसे भी पढ़िए -   छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा ने किया जिला एवं सत्र न्यायालय जगदलपुर का निरीक्षण

उन्होंने बताया कि दलपत सागर को ऐतिहासिक रूप से भूपालताल के नाम से भी जाना जाता है। समुद्रनामा और भूपालेश्वर तालाब इसके अन्य प्रचलित नामों में शामिल हैं। ऐतिहासिक जलाशय और इसके मध्य स्थित प्राचीन शिव मंदिर बस्तर की समृद्ध विरासत एवं धार्मिक आस्था के प्रतीक हैं।

सांसद ने कहा कि सामान्य दिनों में मंदिर तक श्रद्धालुओं की पहुंच सीमित रहती है। सावन माह में भगवान शिव के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था और उनकी सुविधा को देखते हुए मोटरबोट सेवा उपलब्ध कराने का उद्देश्य इस प्राचीन धार्मिक धरोहर को अधिक से अधिक श्रद्धालुओं के लिए सुलभ बनाना है।

सावन के तृतीय सोमवार को सुबह से ही दलपत सागर में शिवभक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। ‘हर हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयघोष से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। हजारों श्रद्धालुओं ने भूपालेश्वर महादेव के दर्शन कर जलाभिषेक एवं पूजा-अर्चना की और सुख-समृद्धि की कामना की।

Latest News

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *