पूंजीपतियों को मुनाफा और गरीब-किसान को महंगाई देने वाली भाजपा सरकार महंगाई नियंत्रण में विफल, जनता सिखाएगी सबक — राजेश चौधरी
जगदलपुर। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी शहर एवं ग्रामीण के संयुक्त तत्वावधान में शनिवार को स्थानीय सिरहासार चौक में केंद्र की मोदी सरकार एवं प्रदेश की साय सरकार की नीतियों, बढ़ती महंगाई तथा चीनी (शक्कर) की कीमतों में वृद्धि के विरोध में एकदिवसीय “चीनी सत्याग्रह” आंदोलन किया गया। आंदोलन का नेतृत्व शहर जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष सुशील मौर्य ने किया।

इस दौरान कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं ने भाजपा सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और चीनी की बढ़ी हुई कीमतों को तत्काल नियंत्रित करने तथा महंगाई पर अंकुश लगाने की मांग की।
आंदोलन को संबोधित करते हुए शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य ने कहा कि केंद्र और राज्य में भाजपा सरकार आने के बाद आम जनता पर महंगाई का बोझ लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के तहत राशन दुकानों में चीनी उपलब्ध नहीं होने से गरीब परिवारों को खुले बाजार से अधिक कीमत पर शक्कर खरीदनी पड़ रही है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि बस्तर संभाग में चना और गुड़ जैसी आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता भी प्रभावित हुई है।
सुशील मौर्य ने कहा कि आम लोगों और मध्यमवर्गीय परिवारों को खुले बाजार में 60 से 70 रुपये प्रति किलो तक शक्कर खरीदनी पड़ रही है। उनके अनुसार, गन्ने के रस को एथेनॉल उत्पादन की ओर डायवर्ट किए जाने से घरेलू बाजार में चीनी की उपलब्धता प्रभावित हुई है और इसका असर खुदरा कीमतों पर पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि रसोई गैस, खाद्य तेल, दाल, पेट्रोल-डीजल सहित रोजमर्रा की जरूरतों की वस्तुओं की बढ़ती कीमतों से आम आदमी पहले ही परेशान है। ऐसे में चीनी की कीमतों में वृद्धि ने परिवारों के बजट पर अतिरिक्त बोझ डाल दिया है। सुशील मौर्य ने कहा कि त्योहारों के मौसम में बढ़ती कीमतों से आम जनता की परेशानी और बढ़ी है। उन्होंने कहा कि बस्तर कांग्रेस आम जनता के मुद्दों को लेकर सड़क से लेकर सदन तक संघर्ष जारी रखेगी।
नेता प्रतिपक्ष राजेश चौधरी ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार की आर्थिक नीतियों का सबसे अधिक असर गरीब, किसान और मध्यमवर्गीय परिवारों पर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि एक ओर किसानों को गन्ने का उचित मूल्य नहीं मिलने की शिकायतें हैं, वहीं दूसरी ओर बाजार में चीनी की कीमतों में लगातार वृद्धि हो रही है।
राजेश चौधरी ने कहा कि महंगाई का असर केवल किसी एक वस्तु की कीमत बढ़ने तक सीमित नहीं रहता, बल्कि इसका सीधा प्रभाव पूरे घरेलू बजट पर पड़ता है। ग्रामीण और वनांचल क्षेत्रों के परिवारों के लिए बढ़ती महंगाई और अधिक चुनौतीपूर्ण है। उन्होंने कहा कि आज का “चीनी सत्याग्रह” सांकेतिक आंदोलन है। यदि सरकार ने जल्द ही बढ़ी हुई कीमतों को नियंत्रित नहीं किया और महंगाई पर प्रभावी कदम नहीं उठाए, तो कांग्रेस पार्टी बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होगी।
ये रहे मौजूद
इस दौरान वरिष्ठ कांग्रेसी उमाशंकर शुक्ला, पूर्व महापौर जतिन जायसवाल, रामशंकर राव, महिला कांग्रेस शहर अध्यक्ष लता निषाद, गौरनाथ नाग, जिला उपाध्यक्ष अतिरिक्त शुक्ला, लेखन बघेल, वीरेंद्र परिहार, महामंत्री अमरनाथ सिंह, अल्ताफ उल्ला खान, सुभाष गुलाटी, नीतीश शर्मा, कोषाध्यक्ष रविशंकर तिवारी, ब्लॉक अध्यक्ष सूर्यापानी, संतोष सेठिया, फूलसिंह बघेल, महादेव नाग, सहदेव नाग, अनवर खान, लखेश्वर कश्यप, संजय पाणिग्राही, अपर्णा बाजपेयी, शहनाज बेगम, विजेन्द्र ठाकुर, किसान कांग्रेस अध्यक्ष दयाराम कश्यप, महेश ठाकुर, मंडल अध्यक्ष वेंकट राव, दंतेश्वर राव, रंजित बख्शी, मोती कश्यप, प्रणय शील, भोजराज नाग, विजय बिसाई, बलराम कोकडू, सैम्यूल नाथ, शादाब अहमद, रंगा राव, मनिता राऊत, पूर्णिमा सिरिल, सलीम जाफर अली, मोहसिन खान, वरुण, उस्मान रजा, आकिब रजा, पार्षद जस्टिन भवानी, धरम, माहरू, लक्ष्मी, खीरेंद्र यादव सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।






