बस्तर में नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा की तैयारी के लिए हर महीने होगी ‘महापरीक्षा’

1,526 प्राथमिक स्कूलों के 9,120 विद्यार्थियों ने दिया पहला मॉक टेस्ट, कलेक्टर आकाश छिकारा की अभिनव पहल

जगदलपुर, 02 अगस्त। बस्तर जिले के शासकीय प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने और ग्रामीण एवं वनांचल क्षेत्र के बच्चों को जवाहर नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा के लिए बेहतर ढंग से तैयार करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग ने एक नई पहल शुरू की है। कलेक्टर आकाश छिकारा के मार्गदर्शन में समग्र शिक्षा के जिला परियोजना कार्यालय द्वारा 1 अगस्त को जिले के 1,526 प्राथमिक विद्यालयों के कक्षा पांचवीं के विद्यार्थियों के लिए ओएमआर शीट आधारित जिला स्तरीय ‘महापरीक्षा’ (प्रथम चरण मॉक टेस्ट) आयोजित की गई।

इस पहल की विशेषता यह है कि मुख्य नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा तक अब प्रत्येक माह इस प्रकार की महापरीक्षा आयोजित की जाएगी, ताकि विद्यार्थियों का नियमित अभ्यास हो, उनकी तैयारी का आकलन किया जा सके और आत्मविश्वास में निरंतर वृद्धि हो।

जिले के सातों विकासखंडों के 9,120 विद्यार्थियों ने सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित परीक्षा में भाग लिया। जिला शिक्षा अधिकारी बी.आर. बघेल ने बताया कि विकासखंड बस्तर से सर्वाधिक 2,364, बकावंड से 1,670, जगदलपुर से 1,356, लोहंडीगुड़ा से 1,152, तोकापाल से 1,004, दरभा से 850 तथा बास्तानार से 724 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी।

परीक्षा से पहले विद्यार्थियों को पिछले 10 वर्षों के जवाहर नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा के प्रश्नपत्रों का अभ्यास कराया गया। परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन डिजिटल स्कैनिंग के माध्यम से किया जाएगा। इसके आधार पर प्रत्येक विकासखंड के टॉप-100 विद्यार्थियों का चयन कर जिले के 700 से अधिक मेधावी विद्यार्थियों को विशेष तैयारी के लिए चिन्हित किया जाएगा।

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जिला प्रशासन इन चयनित विद्यार्थियों को निःशुल्क अभ्यास पुस्तकें उपलब्ध कराएगा। साथ ही प्रत्येक माह आयोजित होने वाले मॉक टेस्ट के माध्यम से उनकी प्रगति का लगातार मूल्यांकन किया जाएगा, जिससे मुख्य परीक्षा तक उनकी तैयारी और अधिक प्रभावी बनाई जा सके।

इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं के अनुरूप वातावरण उपलब्ध कराना है। कलेक्टर के निर्देशानुसार पात्र विद्यार्थियों की पहचान कर उन्हें नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा के पाठ्यक्रम के अनुसार विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके तहत नियमित अभ्यास, मॉडल प्रश्नपत्र, साप्ताहिक परीक्षा और विषय विशेषज्ञों के मार्गदर्शन की व्यवस्था भी की जाएगी।

कलेक्टर आकाश छिकारा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि विद्यार्थियों की तैयारी का नियमित मूल्यांकन किया जाए तथा जिन विषयों में वे कमजोर हैं, उन पर विशेष ध्यान देकर उनकी शंकाओं का समाधान किया जाए। उन्होंने कहा कि जिले के अधिक से अधिक विद्यार्थियों का चयन जवाहर नवोदय विद्यालय में सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा विभाग पूरी प्रतिबद्धता और गंभीरता के साथ कार्य करे।

कलेक्टर आकाश छिकारा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि विद्यार्थियों की तैयारी का नियमित मूल्यांकन किया जाए तथा जिन विषयों में वे कमजोर हैं, उन पर विशेष ध्यान देकर उनकी शंकाओं का समाधान किया जाए। उन्होंने कहा कि जिले के अधिक से अधिक विद्यार्थियों का चयन जवाहर नवोदय विद्यालय में सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा विभाग पूरी प्रतिबद्धता और गंभीरता के साथ कार्य करे।

जिला प्रशासन का मानना है कि इस अभिनव पहल से ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को बेहतर अवसर मिलेंगे तथा आगामी नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा में बस्तर जिले के चयनित विद्यार्थियों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।

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