जगदलपुर। बस्तर जिले के ग्राम पंचायत उलनार में एक विवादित दफन (कफ़न-दफ़न) के मामले को लेकर शुक्रवार को स्थिति तनावपूर्ण हो गई। इस दौरान विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे तथा प्रशासन एवं ग्रामीणों के साथ समन्वय स्थापित कर मामले के समाधान का प्रयास किया।

संगठन की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, जिन व्यक्तियों के बारे में दावा किया गया कि वे पूर्व में हिंदू धर्म से धर्मांतरण कर ईसाई समुदाय में शामिल हुए थे, उनके पार्थिव शरीर को गांव में दफनाने की तैयारी की जा रही थी। इस पर ग्रामीणों ने आपत्ति जताई, जिसके बाद विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के पदाधिकारी मौके पर पहुंचे।
बताया गया कि जिला मंत्री नवीन देवांगन ने पुलिस प्रशासन, ग्रामीणों और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं के बीच लगातार समन्वय बनाए रखा। विभाग संयोजक सिकंदर कश्यप, जिला संयोजक विष्णु ठाकुर तथा ग्राम सरपंच मधुसूदन नेताम की मौजूदगी में प्रशासनिक अधिकारियों से चर्चा की गई।
संगठन का दावा है कि प्रशासन एवं ग्रामीणों के सहयोग से संबंधित स्थल पर दफन की प्रक्रिया नहीं होने दी गई।मौके पर बड़ी संख्या में बजरंग दल के कार्यकर्ता एवं ग्राम के हिंदू समाज के लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम में उपसरपंच देवधन कश्यप, जिला सहसंयोजक खीरेंद्र वैष्णव, जिला धर्म प्रसार प्रमुख देवेंद्र कश्यप, जिला सत्संग प्रमुख तुलसीराम बघेल, ग्राम पटेल कौड़ीराम पटेल, ग्राम पुजारी लिंगोराम, ग्रामसभा अध्यक्ष कृष्ण भारती, जंगल अध्यक्ष श्यामदास बघेल सहित अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल ने कहा कि संगठन सामाजिक समरसता, विधिसम्मत प्रक्रिया तथा स्थानीय जनभावनाओं के सम्मान के साथ कार्य करता रहेगा।
नोट: यह समाचार विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल द्वारा जारी जानकारी पर आधारित है। प्रशासन या संबंधित पक्ष का आधिकारिक पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।






